दाखिल-खारिज को लेकर जिलाधिकारी ने की समीक्षा

  • हर हाल में 5 जनवरी तक लंबित मामलों को निष्पादित करने का दिया निर्देश
  • अतिक्रमण को सर्वोच्च प्राथमिकता में रखते हुए सभी चिन्हित अतिक्रमित स्थलों को अतिक्रमण मुक्त कराने का निर्देश

सीतामढ़ी/रविशंकर सिंह : डीएम अभिलाषा कुमारी शर्मा की अध्यक्षता में समाहरणालय के विमर्श कक्ष में सभी अंचल अधिकारियों के साथ दाखिल-खारिज की समीक्षा की गई।साथ ही सभी लंबित मामलों का निष्पादन 5 जनवरी तक करने का निर्देश दिया गया। सबसे अधिक म्यूटेशन करने वाले जिले के टॉप पाँच प्रखंडो में मेजरगंज, बाजपट्टी, नानपुर, पुपरी, चोरौत के कार्यो की जिलाधिकारी द्वारा सराहना भी की।



वही सबसे कम प्रतिशत वाले प्रखंड रुन्नीसैदपुर, परसौनी, बेलसंड, सुप्पी, डुमरा, परिहार के अंचल अधिकारियों के प्रति असंतोष व्यक्त करते हुए उनको 5 जनवरी तक शत प्रतिशत लंबित मामलों का निष्पादन करने का निर्देश दिया। उन्होंने कहा कि प्रदर्शन में सुधार नही पाए जाने पर उनके विरुद्ध विभागीय कारवाई की जाएगी।

जिले के चार प्रखंड रीगा, बाजपट्टी, बथनाहा, एवं सोनबरसा में चल रहे सर्वे के समीक्षा के क्रम में डीएम ने निर्देश दिया कि सभी अंचल अधिकारी सरकारी जमीन के संबंध में प्रतिवेदन सर्वे कार्यालय को ससमय उपलब्ध कराए। उन्होंने सभी अंचल अधिकारी को जल-जीवन-हरियाली अभियान अंतगर्त अतिक्रमण क्षेत्र को अतिक्रमण मुक्त करने का आदेश दिया।

जिसमें डुमरा अंचल अंतर्गत डुमरा हवाई अड्डा मैदान के चारो तरफ, शंकर चौक, मर्यादा पथ, जल्द से जल्द अतिक्रमण मुक्त करने का निर्देश जिला पदाधिकारी द्वारा दिया गया।साथ ही ऐसी व्यवस्था करने का भी निर्देश दिया गया कि दुकानदार किसी भी तरह का सड़क के आगे अतिक्रमण नहीं कर सके।

रुन्नीसैदपुर एन एच77 पर बस स्टैंड एवं प्रखंड के समीप अतिक्रमण को मुक्त करने का निर्देश डीएम द्वारा दिया गया। उक्त बैठक में अपर समाहर्ता मुकेश कुमार, भूमि सुधार उप समाहर्ता सदर सीतामढ़ी संजय कुमार सिन्हा, भूमि सुधार उप समाहर्ता पपुरी ललित कुमार सिंह, ओएसडी विकाश कुमार, सहित सभी अंचल अधिकारी उपस्थित रहे।