Dharm: परम् कल्याणकारी मंत्र है, ॐ नमः शिवाय

सभी देवी-देवताओं में भगवान शिव को कल्याणकारी माना गया है। भगवान शिव अपने भक्तों पर आने वाले कष्टों का हरण कर लेते हैं। ‘ॐ नमः शिवाय’ एक ऐसा मंत्र है जिसके नाम मात्र से सभी बाधाएं खत्म हो जाती हैं। इसकी महिमा का गुणगान हमारे पुराणों में किया गया है। प्रणव मंत्र ‘ॐ’ के साथ ‘नमः शिवाय’ (पंचाक्षर मंत्र) का मेल करने से षडक्षर मंत्र का निर्माण होता है इसलिए इसे षडक्षर मंत्र के नाम से भी जाना जाता है।



धन प्राप्ति के लिए शिवलिंग पर बेल पत्र अर्पित करते हुए ॐ नमः शिवाय मंत्र का जाप करें। इसके बाद भोलेनाथ की विधिवत आरती करें। ऐसा करने से मनचाहे धन की प्राप्ति होगी।

सुबह नित्यक्रम करने के बाद स्वच्छ श्वेत वस्त्र धारण करके शिवलिंग पर महादेवाय नमः मंत्र का जाप करते हुए कमल के फूल अर्पित करें। इस उपाय से भगवान शिव के साथ देवी लक्ष्मी भी प्रसन्न हाेती हैं और अपने भक्तों को धन-धान्य से परिपूर्ण करती हैं।

शिवलिंग पर दूध, गंगाजल, दुर्वा और बिल्वपत्र चढा़कर शिव मंत्र ॐ नमः शिवाय का जाप करने से आयु में वृद्धि होती है।

भोलेनाथ की अराधना करने वाले जातक अंत समय में शिवलोक जाते हैं। भगवान शिव की पूजा करते समय ऊं नमो भगवते रुद्राय मंत्र का जाप करने से भक्त को मोक्ष की प्राप्ति होती है।

सुबह स्नानादि कार्यों से निवृत्त होकर भोलेनाथ के स्वरूप पर अगस्त्य फूलों को चढ़ाते हुए ऊं नमः रुद्राय मंत्र का जाप करें। इससे हर क्षेत्र में सम्मान मिलेगा और जीवन ऐश्वर्य से परिपूर्ण हाेगा।