सीएसए के दीक्षांत समारोह में राज्यपाल ने दिया जल संरक्षण पर जोर

कानपुर/फैज़ान हैदर : चंद्रशेखर आजाद कृषि एवं प्रौद्योगिकी विश्वविद्यालय के दीक्षा समारोह में कुलाधिपति और राज्यपाल आनंदीबेन पटेल ने मंच पर आई एक लीटर पानी की बोतल लौटकर छोटी बोतल की मांग की और आपने संबोधन में भी इस बात का जिक्र करते हुए जल संरक्षण पर जोर दिया। पर्यावरण संरक्षण के लिए जागरूक करते हुए प्राकृतिक और गौ आधारित खेती को बढ़ावा देने की बात कही। इसके साथ ही दीक्षा समारोह में 31 पदक छात्राओं को मिलने पर खुशी के साथ चिंता भी दर्शाई।

दीक्षा समारोह को संबोधित करते हुए राज्यपाल आनंदीबेन पटेल ने कहा कि इनोवेशन इंडेक्स में भारत 50वें स्थान पर आ गया है, चार पायदान ऊपर चढ़ गया है। आज पर्यावरण को संरक्षित करना होगा, प्राकृतिक खेती, गौ आधारित खेती को बढ़ावा देने की जरूरत है। हमारे यहां सभी तरह से पानी का महत्व बताया जाता है। इसके बावजूद वाटर प्यूरीफायर, बगीचे, नहाने और कार की धुलाई में पानी बर्बाद होता है। अक्सर छोटी छोटी चीजों का ध्यान रखना चाहिए। आज यहां आये तो एक लीटर पानी की बोतल दी गई, मैंने कह दिया कि छोटी बोतल में पानी लाओ। भारत के 20 शहर ऐसे हैं, जहां पानी नहीं मिलेगा। हमें अगर दो लीटर पानी की जरूरत है तो उतना हो इस्तेमाल करें। इसका प्रण लेना होगा। यूनिवर्सिटी स्वयं पानी के लिए आत्मनिर्भर बने और वर्षा जल का संचयन करें। पानी के साथ आत्मा को जोड़ें।

राज्यपाल ने कहा कि पढ़ाई करने के लिए बहुत मेहनत की जरूरत पड़ती है। समय का पालन करना पड़ता है, आपकी पढ़ाई के पीछे माता-पिता को कभी नहीं भूलना चाहिए। आपको पढ़ाने के लिए उन्होंने मेहनत की है। ऐसे कई अभिभावक होंगे शक्ति होगी, कुशलता होगी लेकिन किसी कारणवश वह पढ़ नहीं पाए। अब उनके मन में अपने बच्चों को पढ़ाने का जज्बा है। 57 पदक में 31 पदक छात्राओं ने हासिल किया यह महिला सशक्तिकरण का उदाहरण है। यह अत्यंत हर्ष का विषय है, लेकिन मेरे लिए चिंता का विषय है।

पूर्व प्रस्तावित कार्यक्रम के तहत यूपी की राज्यपाल आनंदीबेन पटेल का हेलीकॉप्टर 10ः34 पर सीएसए कृषि विश्वविद्यालय के हैलीपैड पर उतरा। यहां से उन्होंने चंद्रशेखर आजाद की प्रतिमा पर पहुंचकर पुष्प चक्र अर्पित किया। इसके बाद विश्वविद्यालय के रोविंग कक्ष में प्रवेश किया, कैलाश भवन में कुलपति ने उनका स्वागत किया और फिर मंचासीन कराया। विश्वविद्यालय के 22वें दीक्षा समारोह की शुरुआत हो चुकी है। उनके साथ नीति आयोग के उपाध्यक्ष डॉ. राजीव कुमार बतौर मुख्य अतिथि और कृषि राज्यमंत्री लाखन सिंह राजपूत विशिष्ठ अतिथि उपस्थित हैं। 10.53 पर राष्ट्रीय गीत गायन के बाद कुलपति डॉ. डीआर सिंह ने विश्वविद्यालय की रिपोर्ट प्रस्तुत की।

समारोह में आगरा की शैल्वी वर्मा, बरेली की अर्पिता सोनी, बिहार के औरंगाबाद जिले की प्रियंका सिंह और चंदौली के पवन कुमार मौर्या को कुलाधिपति व अन्य प्रायोजित स्वर्ण पदक दिए। समारोह में कुल 14 मेधावियों को कुलाधिपति पदक दिए, जिनमें नौ छात्राएं और छह छात्र शामिल हैं। कुल 643 छात्रों को उपाधि दी। 14 मेधावी विश्वविद्यालय रजत पदक और 14 कांस्य पदक से सम्मानित होंगे। 15 प्रायोजित पदक समाजसेवी संस्थाओं और पुरातन छात्रों के नाम से मेधावियों को दिए।