खनन मंत्री ने किया शारदा माइका माइंस का मुआयना, अवैध खनन को लेकर खनन विभाग के अधिकारियों को लगाई कड़ी फटकार

रजौली: नवादा जिले के भ्रमण पर पहुंचे खनन एवं भूतत्व मंत्री जनक राम गुरुवार को रजौली प्रखंड के सवैयाटांड पंचायत स्थित बंद पड़े शारदा माइका माइन्स का मुआयना किया। मुआयना के दौरान उन्होंने माइंस की भौगोलिक स्थिति व वहां पर अवैध खनन में जुटे माइका माफिया व मजदूर की वस्तुस्थिति का आकलन किया। इस दौरान उन्होंने खनन समेत अन्य विभागीय पदाधिकारियों को कड़ी फटकार भी लगाई।


बंद पड़े शारदा माईका माइंस में अवैध खनन की सूचना पर वन विभाग द्वारा रजौली अनुमंडल पुलिस- प्रशासन के सहयोग से समय-समय पर किए जाने वाले छापेमारी को लेकर स्थानीय प्रशासन को धन्यवाद भी दिया। खनन एवं भूतत्व मंत्री ने बताया कि बंद पड़े शारदा माईका माइंस को लीज पर देने की विभागीय तैयारियां चल रही है। जल्द ही इसे लीज पर दिया जाएगा। साथ ही माइंस के लीज होने तक उन्होंने अवैध खनन को रोकने के लिए ठोस कदम की बात कही है। उन्होंने कहा कि अवैध खनन से राज्य सरकार को करोड़ों रुपए के राजस्व का नुकसान हो रहा है। जो चिंता का विषय है। वे लोग लीज की होने वाली प्रक्रियाओं की एक-एक बिंदु की समीक्षा कर रहे हैं। जल्दी ही बंदोबस्ती की प्रक्रिया पूरी कर ली जाएगी।

लीज की प्रक्रिया को लेकर वन विभाग, खनन विभाग समेत अन्य विभाग के अधिकारियों से संबंधित प्रस्ताव मांगा गया है।खनन मंत्री ने कहा कि वर्षों पहले यहां पर माइका के खनन के लिए टेंडर हुआ करता था। कंपनी का लीज खत्म होने के बाद यहां अवैध खनन होने लगी है। बिहार में कई जगहों पर अवैध खनन की सूचना प्राप्त हुई है। इसी क्रम में वे माइंस का आकलन करने नवादा पहुंचे हैं। माइंस का स्थल निरीक्षण करने के बाद इस बात के खुलासे हुए हैं कि बंद पड़े शारदा माइका माइंस में अवैध खनन हो रहा है। खनन अधिकारियों के साथ बैठक कर अवैध खनन को रोकने के लिए रणनीति बनाई जाएगी। पूरी कोशिश रहेगी कि स्थानीय अधिकारियों व जिला प्रशासन के अधिकारियों के सहयोग से छापेमारी कर अवैध खनन को रोकने के लिए पूरी कोशिश की जाएगी।


मौके पर मौजूद वन विभाग के एसीएफ शशि भूषण प्रसाद ने कहा कि स्थल निरीक्षण करने के बाद पता चलता है कि यहां पर अवैध खनन हो रहा है। समय-समय पर छापेमारी कर इसको रोकने के लिए पूरे प्रयास किए जाएंगे। विभाग के द्वारा अवैध खनन के मामले में दर्जनों जेसीबी, डंपर, ट्रैक्टर, विस्फोटक सामग्री को जब्त किया गया है। कई लोगों को पकड़कर जेल भी भेजा गया है। अवैध खनन करने वाले 2 दर्जन से अधिक अभ्रक माफियाओं के विरुद्ध वन अधिनियम के तहत प्राथमिकी भी दर्ज की गई है। अवैध खनन रोकने को लेकर वरीय पदाधिकारी के द्वारा सपही में पुलिस पिकेट की मांग की गई है।

पुलिस पिकेट बनाए जाने के बाद अवैध खनन को रोकने में कामयाबी मिल सकेगी। वन विभाग बिना शस्त्र के इस क्षेत्र में छापेमारी करेगी तो वन विभाग के अधिकारियों की जान को भी खतरा उत्पन्न हो सकता है। कई मौकों पर ऐसी स्थिति उत्पन्न भी हुई है। पूर्व में एएसपी अभियान कुमार आलोक के साथ अवैध खनन में लगे जेसीबी को वन विभाग द्वारा पकड़ा भी गया था। लेकिन सैकड़ों महिला-पुरुषों ने छापेमारी टीम पर ईंट-पत्थर से हमला कर जेसीबी को छुड़ा लिया था। कई बार पुलिस को अपनी जान बचाने के लिए फायरिंग भी करनी पड़ी थी। उन्होंने कहा कि इस क्षेत्र की लगभग 80% आबादी अभ्रक के अवैध उत्खनन में लगी है। लिहाजा इसके नेटवर्क को तोड़ पाना काफी दुष्कर कार्य है।


मौके पर सहायक निदेशक खान विजय प्रसाद सिंह, थानाध्यक्ष इंस्पेक्टर दरबारी चौधरी, भाजपा जिलाध्यक्ष संजय कुमार मुन्ना, पूर्व जिलाध्यक्ष बीरेन्द्र सिंह, रजौली मंडल अध्यक्ष गौरव शांडिल्य उर्फ गगन आदि उपस्थित थे।