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मुजफ्फरपुर बालिका गृह मामले में माननीयों पर गिर सकती है गाज

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स्टेट डेस्क/पटना: मुजफ्फरपुर बालिका गृह बलात्कार कांड में सुप्रीम कोर्ट के कड़े रुख के बाद अब एक बार फिर बिहार के कुछ माननीयों की धड़कनें तेज होने लगी हैं। मुख्य विपक्षी दल राजद ने भी इस प्रकरण को जोरशोर से सदन में उठाया है। नेता प्रतिपक्ष तेजस्वी यादव भी लगातार इस मुद्दे पर नीतीश सरकार को घेरने में लगे हैं। राजद सहित तमाम विपक्षी दल के नेताओं ने विधानसभा में नारा लगाते हुए सत्ताधारी दल के बड़े नेताओं को अविलम्ब गिरफ्तार करने की मांग की।


राजद नेता विजय प्रकाश ने साफ कहा कि पूर्व समाज कल्याण मंत्री मंजू वर्मा और पूर्व मंत्री दामोदर रावत की इसमें संलिप्तता पहले ही उजागर हो चुकी है, लेकिन नैतिकता की दुहाई देने वाले मुख्यमंत्री नीतीश कुमार अब तक दामोदर रावत को जदयू का प्रदेश उपाध्यक्ष बनाकर रखे हैं। लेकिन राजद सभी दोषियों को सजा दिलाकर ही चैन से बैठेगा।


मालूम हो की कुछ महीने पूर्व ही पूर्व समाज कल्याण मंत्री दामोदर रावत से पांच घण्टे तक सीबीआई द्वारा पूछताछ करने की खबरें मीडिया में आई थी। इस कांड के मुख्य आरोपी ब्रजेश ठाकुर से गहरे सम्बन्ध होने के कारण पूर्व मंत्री दामोदर रावत के बेटे राजीव रावत को युवा जदयू ने पार्टी से भी निष्कासित कर दिया है। 34 बालिकाओं के साथ रेप के इस जघन्य कांड का मुख्य अभियुक्त ब्रजेश ठाकुर अभी पटियाला जेल में बंद है।

ब्रजेश के कॉल डिटेल जाँच के क्रम में पिछले दिनों यह बात सामने आई थी की उसके कई नेताओं से मधुर संबंध थे। पूर्व समाज कल्याण मंत्री मंजू वर्मा और उसके पति के साथ ही पूर्व समाज कल्याण मंत्री दामोदर रावत और कई अन्य नेताओं से भी उसके गहरे सम्बन्ध थे। पूर्व मंत्री और राजद विधायक विजय प्रकाश का कहना है कि पिछले दिनों दामोदर रावत से पांच घंटे तक सीबीआई ने पूछताछ की। उसके बेटे राजीव रावत से ब्रजेश के मधुर संबंध की जानकारी होने पर जदयू ने एक्शन लेते हुए उसे पार्टी से निलंबित कर दिया था।

मंजू वर्मा को भी पार्टी से निकाल दिया गया,लेकिन दामोदर रावत को अब भी जदयू उपाध्यक्ष बनाकर रखा है। उस पर भी नैतिकता की दुहाई देने वाले मुख्यमंत्री को जल्द कार्रवाई करनी चाहिए। वैसे सुप्रीम कोर्ट के कड़े रुख के बाद ऐसा माना जा रहा है कि सीबीआई के अधिकारी अब इस मामले से जुड़ने वाले किसी भी नेताओं से नरमी नहीं बरतेंगे। विपक्ष भी इस मुद्दे को बच्चीयों को इंसाफ दिलाने तक लड़ाई जारी रखने की बात कर रहा है। ऐसे में माननीयों की नींद एक बार फिर से हराम होने लगी है।

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