प्रख्यात सितार वादक पद्मभूषण देबू चौधरी का कोरोना संक्रमण से निधन

सेंट्रल डेस्क/नई दिल्ली : विकराल कोरोना महामारी ने एक और महान कलाकार को अपना अपना ग्रास बना लिया है। कोरोना कलाकारों, साहित्यकारों और पत्रकारों के लिए यमराज बन कर खड़ा हो गया है। पिछले तीन दिन के दौरान कई साहित्यकार और पत्रकार कोरोना वायरस संक्रमण की चपेट में आकर अपनी जान गंवा बैठे, इनमें कवि-गीतकार कुंअर बेचैन भी हैं।


ताजा मामले में सीआर पार्क थाना क्षेत्र में रहने वाले जाने-माने सितार वादक पद्मभूषण देबू चौधरी का शनिवार सुबह दिल्ली के जीटीबी अस्पताल में निधन हो गया। वह कोरोना पॉजिटिव थे। देश के प्रख्यात सितारवादकों में से एक देबू चौधरी संगीत के सेनिया घराना से थे। देबू चौधरी को पद्म भूषण और पद्मश्री से सम्मानित किया गया था।  सितारवादक देबू चौधरी के परिवार में उनके बेटे प्रतीक, बहू रूना और पोती रयाना तथा पोता अधिराज हैं।

28 अप्रैल की रात को अचानक उनकी तबीयत बिगड़ गई थी। उनके परिवार व शुभचिंतकों ने ट्विटर पर इस बाबत जानकारी दी थी। इसके बाद स्थानीय पुलिस टीम ने उन्हें ऑक्सीजन सिलेंडर तथा अन्य मेडिकल उपकरण उपलब्ध कराए थे। तबीयत बिगड़ने पर उन्हें 29 अप्रैल को अस्पताल में भर्ती कराया गया था। वह वेंटिलेटर पर थे। शनिवार सुबह दिल का दौरा पड़ने से उनका निधन हो गया।

बेटे प्रतीक चौधरी ने खुद जानकारी दी कि प्रख्यात सितारवादक पंडित देवब्रत चौधरी का कोविड-19 संबंधी जटिलताओं के कारण शनिवार को दिल्ली के एक अस्पताल में निधन हो गया। बता दें कि प्रतीक ने देबू चौधरी के नाम से प्रसिद्ध अपने पिता के निधन की जानकारी अपने आधिकारिक फेसबुक पेज पर भी दी है।

प्रतीक चौधरी ने पिता देबू चौधरी के निधन पर जानकारी देते हुए लिखा है- ‘मेरे पिता, सितार के दिग्गज, पंडित देबू चौधरी नहीं रहे। उन्हें कोविड के साथ ही मनोभ्रंश की जटिलताओं के साथ भर्ती कराया गया और उन्हें आज (एक मई, 2021) मध्यरात्रि के आस-पास आईसीयू में वेंटिलेटर पर रखा गया था।जिसके बाद उन्हें दिल का दौरा पड़ा और उन्हें बचाया नहीं जा सका। सभी प्रयासों और प्रार्थनाओं के बावजूद उन्हें बचाया नहीं जा सका।’