कानपुर के पर्यटन व ऐतिहासिक महत्व पर गोष्ठी का आयोजन किया गया

कानपुर/दिवस पाण्डेय : कानपुर नगर में पर्यटन एवं ऐतिहासिक महत्व की धरोहरों के प्रति नागरिकों की अभिरूचि बढाने पर मर्चेट्स आॅफ उत्तर प्रदेश एवं कानपुर पंचायत के संयुक्त तत्वाधान में एक संवादात्मक सत्र का आयोजन किया गया, जिसमें मर्चेंट्स चेम्बर के अध्यक्ष मुकुल टंडन ने कहा कि कानपुर की ऐतिहासिक धरोहर के प्रति नागरिकों की अभिरूचि बढाने एवं कानपुर पर्यटन के विकास में यदि चेम्बर का थोडा सा भी योगदान हो सकते तो यह चेम्बर के लिए गौरव की बात होगी।

उन्होेने कहा कि हम सबको मिलकर कानपुर के पर्यटन के बढावे के लिए प्रयासरत रहना होगा तथा इसकी दिशा भी निर्धारित करनी होगी, जो क्रमबद्ध तरीके से आगे बढ सके। इतिहावेत्ता मनोज कपूर ने कानपुर के इतिहास के बारे में विस्तारपूर्वक बताया। आज रविवार को पुरातात्विक पर्यटन कार रैली का भी आयोजन किया गया जो कानपुर फूलबाग से सुबह साढे आठ बजे आरम्भ होकर भीतरगांव, प्रीचनम ईटों का मंदि, बेहटा स्थित जगन्नाथ मंदिर, निबियाखेडा के प्रचीन मंदिर, खजुहा का बादशाही बाग तथा तेदुली के प्रीचान ईटों के मंदिर के भ्रमण पर निकली। साथ ही 24 मार्च को कानपुर दिवस तथा 28 जून को नानासाहब राज्याभिशेक दिवस आयोजित करने की योजना पर विचार किया गया। इस दौरान डा0 जेएन गुप्ता, शेष नारायण त्रिवेदी, प्रेम मनोहर गुप्ता, सजय त्रिवेदी, महेंद्र नाथ मोदी, धर्म प्रकाश गुप्ता, सुदीप गोयनका आदि उपस्थित रहे।

2– छह ज्योतिर्लिंगों के दर्शन हेतु 10 मार्च से चलेगी भारत दर्शन ट्रेन

कानपुर नगर, देश के छह ज्येातिर्लिंग के साथ साथ आबरमती आश्रम, बडौदा में स्टैचू आॅफ यूनिटी, परती बैधनाथ के दर्शन के लिए 10 मार्च से ट्रेन चलाई जायेगी।
 रेल टूरिज्म एंड कैटरिंग काॅरपोरेशन द्वारा इस ट्रेन को चलाया जा रहा है। बताया जाता है कि 10 मार्च से ट्रेन भारत दर्शन का संचालन शुरू कर दिया जायेगा और 22 मार्च तक यह ट्रेन यात्रा पूरी कर लौटेगी। इस यात्रा के दौरान 12 रात और 13 दिन का समय लगेगा और इसके लिए पैकेज का किराया 12.285 रू0 प्रति यात्री के लिए तय किया गया है। आईआरसीटीसी के मुख्य क्षेत्रीय प्रबंधक अनिल गुपता ने बताया कि भारत दर्शन के दौरान यात्रियों को महाकालेश्वर, भमाशंकर, त्रयंबकेश्वर, घृणेश्वर, सोमनाथ और नागेश्वर ज्योतिर्लिंगो के साथ साथ द्वारिकाधीश् मंदिर के भी दर्शन कराये जायेगे। यात्री लखनऊ, कानपुर, झांसी, हरदोई, दिल्ली, गाजियाबद, हापुड, मुरादाबाद, बरेली तथा शाहजहांपुर से सवार हो सकते है।
स्वचलित सीढियों से यात्रियों को प्लेटफार्मो पर आवागमन में होगी सुविधा
कानपुर सेंट्रल में यात्रियों की सुविधा को ध्यान में रखे हुए सेंट्रल स्टेशन केसभी प्लेटफार्मो पर के पुल पर चढने के लिए स्वचलित सीढयां लगाई जोगी। रेलव प्रशासन द्वारा सात और स्वचलित सीढो को लगाने की बात कही गयी है तथा इन स्वचलित सीढीयों को लगाने के लिए स्थानीय स्तर पर जगह का सीमांकन भी हो चुका है। प्राप्त जानकारी के अनुसार गेट नम्बर एक के सामने दो, प्लेटफाॅर्म एक पर एक, दो तथा तीन पर एक तथा चार व पांच पर एक स्वचलित सीढिया लगायी जायेगी। इसी प्रकार प्लेटफार्म नम्बर  छह व सात पर भी एक-एक व आठ व नौ पर भी एक-एक स्वचलित सीढिया लगाई जायेगी।

3– महिलाओं में जागरूकता लाने के लिए कई शहरों में चलाया गया अभियान
Û अभियान में डाक्टरो व स्त्री रोग विशेषज्ञों के साथ कार्यशालाओं का आयोजन
Û महिला दिवस पर इस महाअभियान का आगाज
कानपुर नगर,  महिलाओं में मासिक धर्म स्वच्छता और स्वास्थ्य को लेकर देश में जागरूकता बढाने के उददेश में आईएमएफएल के निर्माताओं में रेडिको खेतान व शीविंग्स के संयुक्त तत्वाधान में एक अभियान चलाया गया, जिसका लक्ष्य मासिक धर्म से जुडी गलत धारणाओं को समाप्त करना है। इस अभियान में स्वच्छताउत्पादों का वितरण किया गया साथ ही मासिक धर्म के कचरे के उचित निपटान पर चर्चा की गयी। इस दौरान  अमर सिन्हा मुख्य परिचालन अधिकारी रेडिकों खेतान ने कहा कि मासिक धर्म स्वास्थ्य और स्वच्छता हमारे देश का एक संवेदनशील विषय रहा है और अब इस पर अंततः ठीक से ध्यान दिया जा रहा है और इसे सही मंच मिल रहा है। एक जिम्मेदार काॅपेरिट के रूप में हम हमेशा लोगों की हर संभव तरीके से सेवा करने में सबसे आगे रहे है और मासिक धर्म स्वच्छता के बारे में जागरूकता फैलाने के प्रयासों में हम शीविंग्स के साथ भागीदारी कर रहे है। जितनी महत्वपूर्ण महिलाओं की सुरक्षा है उतना महत्वपूर्ण उनका स्वास्थ्य भी है। कहा यह दुर्भाग्यपूर्ण है कि मासिक धर्म वाली कई महिलाओं तक सैनिटरी उत्पादों की पहुंच नही है और कई महिलाएं अभी भी पारंपरिक तरीकों से जुडे खतरों से अनजान है, यह इस बारे में महिलाओं को शिक्षित करने के लिए रेडिको का छोटा सा प्रयास है। उन्होने बताया कि यह अभियान उत्तर प्रदेश के साथ उत्तराखंड के भी कई शहरों रामपुर, बरेली, नोएडा, गाजियाबाद, लखनऊ, आगरा आदि में भी यह अभियान एक साथ चलाया गया है, जिसकी शुरूआत महिला दिवस के दिन की गयी और इस अभियान को भव्य और सफल बनाने के लिए नीति निर्माताओं, सरकारी अधिकारियों, ब्लाॅग्र्स और सर्वजनकि हस्तियों सहित विभिन्न क्षेत्रों के लोगों को इससे जोडा जायेगा।

4- दार्जिलिंग व गंगटोक के लिए हवाई सेवा 28 मार्च से

कानपुर नगर, 28 मार्च से कानपुर नगर से दार्जिलिंग व ंगंगटोक के लिए पुनः फ्लाइट शुरू होने वाली है। यह शहरवासियों के लिए अच्छी खबर है। पहले यात्री फ्लाइट द्वारा कोलकाता से बागडोगरा को कनेक्टिंग फ्लाइट पकडे सकेंगे। दाजिर्लिग और गंगकोट जाने के लिए बागडोगरा से तीन से चार घंटे का सडक र्माग का सफर है।
 कानपुर से बेंगलुरू तथा कोलकाता की फ्लाइट पहले चली थी जो प्रतिदिन 189 सीटर फ्लाइट चलती थी, लेकिन बोईग- 737 में तकनीकी खराबी आ गयी थी और इसलिए इस विमान की उडान को पूरे देश में प्रतिबंधित कर दिया गया था साथ ही कानपुर से कोलकाता, बेंगलुरू की फ्लाइटें भी बंद हो गयी थी। इसके बाद केंद्रीय मंत्रिमंडल में मामला राने के बाद एक बार फिर इस फ्लाइर्ट को हरी झंडी दे देी गयी है। कानपुर से कोलकाता फ्लाइट में प्रतिदिन 250 से अधिक यात्रियों का आवागमन होता है क्यों कि किसी फ्लाइट का 65 प्रतिशत लोड होना अच्छा माना जाता है साथ ही कानपुर से कोलकाता का व्यापारिक सम्बनध भी है, ऐसे में एक बार फिर 28 मार्च से यह फ्लाइट शुरू की जा रही है।