बीपी डेस्क। मुख्यमंत्री श्री नीतीश कुमार ने आज 1 अणे मार्ग स्थित संकल्प सभागार में 7 निश्चय पार्ट- 3 के तहत ‘सुलभ स्वास्थ्य-सुरक्षित जीवन’ के लिये किये जा रहे कार्यों की समीक्षा की। स्वास्थ्य विभाग के सचिव श्री लोकेश कुमार सिंह ने प्रस्तुतीकरण के माध्यम से मुख्यमंत्री के समक्ष ‘सुलभ स्वास्थ्य-सुरक्षित जीवन’ से संबंधित विभिन्न बिन्दुओं पर विस्तृत जानकारी दी।
समीक्षा के दौरान मुख्यमंत्री ने अधिकारियों को निर्देश दिया कि प्रखंड सामुदायिक स्वास्थ्य केन्द्रों को विशिष्ट चिकित्सा केन्द्र (Speciality Hospital) एवं जिला अस्पतालों को अति विशिष्ट चिकित्सा केन्द्र (Super Speciality Hospital) के रूप में जल्द से जल्द विकसित करें। उन्होंने कहा कि नए मेडिकल कॉलेज एवं अस्पतालों में बेहतर पढ़ाई एवं इलाज के लिए लोक निजी भागीदारी को प्रोत्साहित करें। साथ ही प्रतिष्ठित निजी क्षेत्र के अस्पतालों को राज्य में अस्पतालों की स्थापना के लिए प्रोत्साहित करें।
मुख्यमंत्री ने कहा कि दूरस्थ ग्रामीण क्षेत्रों में बेहतर चिकित्सा सुविधा सुनिश्चित करने के लिए चिकित्सकों को अलग से प्रोत्साहन की व्यवस्था करें। सरकारी चिकित्सकों की निजी प्रैक्टिस पर रोक लगाने की नीति शीघ्र लायें। उन्होंने कहा कि हमलोगों का उद्देश्य है कि लोगों को सुलभ विकित्सा सुविधा (Ease of living) उपलब्ध करायी जाय। सभी का जीवन आसान और सुविधापूर्ण हो, इसके लिये पूरी निष्ठा एवं संवेदनशीलता के साथ कार्य करें।
समीक्षा के दौरान मुख्यमंत्री के प्रधान सचिव श्री दीपक कुमार, विकास आयुक्त श्री मिहिर कुमार सिंह, मुख्यमंत्री के सचिव श्री अनुपम कुमार, स्वास्थ्य विभाग के सचिव श्री लोकेश कुमार सिंह, मुख्यमंत्री के सचिव श्री कुमार रवि, मुख्यमंत्री के विशेष कार्य पदाधिकारी श्री गोपाल सिंह, मुख्यमंत्री के सचिव डॉ० चन्द्रशेखर सिंह, स्वास्थ्य विभाग के विशेष सचिव श्री हिमांशु शर्मा, राज्य स्वास्थ्य समिति के कार्यपालक निदेशक श्री अमित कुमार पाण्डेय, स्वास्थ्य विभाग के विशेष सचिव श्रीमती शेरिंग वाई भूटिया सहित अन्य वरीय अधिकारी उपस्थित थे।
