बीपी डेस्क। बीती 25 जनवरी को तेजस्वी यादव को राष्ट्रीय जनता दल का राष्ट्रीय कार्यकारी अध्यक्ष चुन लिया गया। तेजस्वी यादव ही अब आधिकारिक रूप से पार्टी की कमान संभाल चुके है। वहीं, अब तेजस्वी के राष्ट्रीय कार्यकारी अध्यक्ष बनते ही बहन रोहिणी आचार्य का तीखा बयान सामने आया है।
उन्होंने 27 जनवरी को एक्स पर पोस्ट कर लिखा- लालू जी और पार्टी के लिए किसने क्या किया ये तो लोकसभा, हालिया संपन्न विधानसभा के चुनावी नतीजों और पार्टी की वर्त्तमान स्थिति से ही साफ है, जिसे जिम्मेदारी सौंपी गई उसने, उसके आयातित गुरु और उस गुरु के गुर्गों ने तो लालू जी व पार्टी के प्रति समर्पित हरेक लालूवादी के दशकों के संघर्ष एवं प्रयासों को धो-पोछ कर पार्टी को बर्बादी की कगार पर ला कर खड़ा कर दिया।
रोहिणी ने आगे लिखा- सवाल पहले भी उठे थे, आज भी सवाल उठ रहे हैं, आगे भी उठेंगे। अगर नैतिक साहस है तो खुले मंच पर सवालों का सामना करने की हिम्मत जुटानी चाहिए, ज्ञान कौन दे रहा और ज्ञान देने की बात कर सच्चाई से मुंह कौन चुरा रहा, ये साफ हो जाएगा…।
रोहिणी के अनुसार, आज पार्टी के हरेक सच्चे कार्यकर्ता, समर्थक और हितैषी का सवाल है “जिन चंद घटिया लोगों को, लालू जी को नजरअंदाज कर, एक तरीके से सर्वेसर्वा बना दिया गया, उन लोगों ने पार्टी के लिए क्या किया? समीक्षा के नाम किए गए दिखावे पर क्या कार्रवाई की गई? समीक्षा रिपोर्ट अब तक क्यों नहीं सार्वजनिक की गई और समीक्षा रिपोर्ट में जिन लोगों पर सवाल उठे उन पर अब तक कोई कार्रवाई क्यों नहीं की गई?”
बतातें चलें कि इससे पहले, 25 जनवरी को भी रोहिणी ने बिना नाम लिए अपने भाई तेजस्वी को घेरा था। उन्होंने तब लिखा था- सियासत के शिखर- पुरुष की गौरवशाली पारी का एक तरह से पटाक्षेप, ठकुरसुहाती करने वालों और “गिरोह-ए-घुसपैठ” को उनके हाथों की “कठपुतली बने शहजादा” की ताजपोशी मुबारक
