बीपी डेस्क। आज मुख्य सचिव, बिहार श्री प्रत्यय अमृत के द्वारा सभी जिलाधिकारियों के साथ विडियो कॉन्फ्रेसिंग के माध्यम से स्व-गणना कार्य की प्रगति एवं हाउस लिस्टिंग ब्लॉक्स के डिमारकेशन और जियो टेगिंग की समीक्षा की गई। समीक्षा के क्रम में वैशाली, मधुबनी, खगड़िया, भागलपुर और सहरसा की प्रगति स्व-गणना में अच्छी पाई गई।
जबकि, हाउस लिस्टिंग ब्लॉक्स डिमारकेशन और जियो टेगिंग में सहरसा, सिवान, रोहतास, पूर्णिया और खगड़िया की प्रगति सबसे अच्छी पाई गई। मुख्य सचिव ने शेष सभी जिलों को जिनकी प्रगति अपेक्षित नहीं पाई गई उन्हें स्ट्रेजी बनाकर अगले 1 हफ़्ते के अन्दर प्रगति हेतु निदेशित किया।
निदेशक, जनगणना कार्य निदेशालय श्रीमती रंजीता के द्वारा मुख्य सचिव महोदय को अवगत कराया गया कि उक्त कार्यों में आने वाली तकनीकी दिक्कतों के निदान करने के लिए प्रत्येक जिले में एक नोडल अधिकारी नामित किया गया है, जो न केवल प्रगणकों को प्रशिक्षण देंगे, बल्कि डिमारकेशन और जियो टेगिंग कार्य में भी मदद करेंगे।
उन्होंने इस बात से भी अवगत कराया कि निदेशालय स्तर पर क्विक रिस्पॉन्स टीम की तीन टीमें बनाई गई हैं, जो जिला स्तर पर आने वाली समस्याओं का निदान एवं समन्वय करेंगे। अबतक बिहार राज्य में 3 लाख 28 हजार से ज्यादा स्व-गणना कराया गया है।
मुख्य सचिव महोदय ने सभी जिलाधिकारियों को इस राष्ट्रीय महत्व के कार्य में अपेक्षित प्रगति हेतु प्रतिदिन समीक्षा करने का निदेश दिया। अंत में धन्यवाद ज्ञापन के साथ बैठक का समापन किया गया।
