Special Story : “खेलेंगी बेटियां, तभी तो खिलेंगी बेटियां”, यह सिर्फ एक ट्रॉफी नहीं, ये बिहार की उन आँखों की जीत है जिन्होंने बड़े सपने देखने की हिम्मत की…
बीपी डेस्क। यह कहानी 11 खिलाड़ियों की नहीं है। यह कहानी उन हज़ारों पसीनों की बूंदों की है जो बिहार की तपती धूप में मैदानों पर सपनों को सींचती रहीं। यह कहानी उन पिताओं की है जिन्होंने समाज की परवाह किए बिना अपनी बेटियों के हाथों में बल्ला थमाया, और उन माताओं की है जिन्होंने […]
Continue Reading