-निगरानी विभाग के स्तर से सभी विभागों को प्रेषित ऑनलाइन परिवादों तथा अभियोजन स्वीकृति के लंबित मामलों की स्थिति की हुई समीक्षा।
निगरानी संबंधी लंबित परिवादों का शीघ्र करें निष्पादन : अपर मुख्य सचिव
बीपी डेस्क। सूचना एवं जनसंपर्क विभाग के संवाद कक्ष में बुधवार को सभी विभागों के मुख्य निगरानी पदाधिकारियों के साथ निगरानी संबंधी मामलों की समीक्षा की गयी। बैठक की अध्यक्षता विभाग के अपर मुख्य सचिव श्री अरविंद कुमार चौधरी द्वारा की गयी। समीक्षा के क्रम में निगरानी विभाग के स्तर से सभी विभागों को प्रेषित ऑनलाइन परिवादों के जाँच प्रतिवेदन की स्थिति की समीक्षा में पाया गया कि तीन हजार से अधिक परिवाद सभी विभागों को प्रेषित किए गए हैं।
इनमें सर्वाधिक मामले शिक्षा विभाग, नगर विकास एवं आवास विभाग, गृह विभाग, राजस्व एवं भूमि सुधार विभाग तथा कृषि विभाग से संबंधित हैं । अपर मुख्य सचिव ने निदेश दिए कि जिन विभागों में परिवादों से संबंधित कार्रवाई लंबित हैं, उनका शीघ्र निष्पादन किया जाय। विदित है कि विगत वर्ष ही निगरानी के परिवादों हेतु ऑनलाइन व्यवस्था प्रारंभ की गयी, जिससे बेहतर ट्रैकनिज्मि विकसित हुई तथा उनके निष्पादन में काफी सहूलियत मिली है।
निगरानी अन्वेषण ब्यूरो के महानिदेशक श्री जितेन्द्र सिंह गंगवार द्वारा जानकारी दी गयी कि ब्यूरो के स्तर से भी निगरानी संबंधी मामलों के निष्पादन के लिए ऑनलाइन पोर्टल प्रारंभ किया गया है। विगत वर्ष कुल 122 कांड दर्ज किए गए, जिनमें से 102 मामले ट्रैप से संबंधित थे ।
सभी विभागों के अभियोजन स्वीकृति के लंबित मामलों की स्थिति की भी समीक्षा की गयी, जिसमें कुल 53 मामले लंबित पाए गए। इसमें सर्वाधिक लंबित मामले जल संसाधन विभाग, संसदीय कार्य विभाग, शिक्षा विभाग, स्वास्थ्य विभाग तथा सामान्य प्रशासन विभाग के हैं । इनमें तेजी लाने के निर्देश दिए गए । अपर मुख्य सचिव ने कहा कि प्रत्येक विभाग के स्तर से सभी विभागों में मुख्य निगरानी पदाधिकारी द्वारा मासिक बैठक नियमित रूप से आयोजित की जाय।
बैठक में बैठक में निगरानी अन्वेषण ब्यूरो के महानिदेशक श्री जितेन्द्र सिंह गंगवार, निगरानी अन्वेषण ब्यूरो के उप महानिरीक्षक श्री नवीन चन्द्र झा, विशेष निगरानी इकाई के उप महानिरीक्षक श्री विकास कुमार, अपर सचिव श्री रामाशंकर, तकनीकी परीक्षक कोषांग के अभियन्ता प्रमुख श्री शैलेन्द्र कुमार, संयुक्त सचिव (विधि) श्रीमती अंजू सिंह एवं अन्य उपस्थित रहे।
