बीपी डेस्क। बिहार कृषि विश्वविद्यालय, सबौर में कुलपति डॉ. डी. आर. सिंह के दूरदर्शी और गतिशील नेतृत्व में खाद्य विज्ञान एवं फसलोपरांत प्रौद्योगिकी विभाग के वैज्ञानिकों द्वारा विकसित बीएयू मिलेट नूडल्स बॉक्स का औपचारिक प्रचार एवं शुभारंभ किया गया। कार्यक्रम के दौरान वेजी मिलेट नूडल्स के संवेदी मूल्यांकन के लिए एक विशेष पैनल का गठन किया गया, जिसमें डीन, निदेशक तथा विभिन्न मीडिया प्रतिनिधियों की उपस्थिति रही।
इस अवसर पर बीएयू मिलेट नूडल्स के साथ “न्यूट्री मिलेट वेजी टिफिन बॉक्स” का भी लोकार्पण किया गया, जो एक संपूर्ण और संतुलित आहार विकल्प प्रस्तुत करता है। इस टिफिन बॉक्स में मिलेट नूडल्स का पैकेट, अलग से पैक की गई निर्जलित सब्जियों का मिश्रण, मसाला पैकेट तथा कटलरी शामिल है, जिससे यह बच्चों, विद्यार्थियों एवं कार्यरत वर्ग के लिए सुविधाजनक और उपयोगी बन जाता है।
विशेषज्ञ पैनल द्वारा उत्पाद का संवेदी मूल्यांकन किया गया, जिसमें स्वाद, रंग, बनावट, सुगंध एवं समग्र स्वीकार्यता के आधार पर उत्पाद की सराहना की गई। पैनलिस्टों ने मिलेट नूडल बॉक्स को विद्यालय स्तर तक और आम जनमानस तक पहुँचाने की भी सिफारिश की।
बीएयू के मिलेट वेजी नूडल्स में 60 प्रतिशत मिलेट की स्पष्ट घोषणा की गई है तथा इन्हें साबुत मिलेट और गेहूं के आटे के संतुलित मिश्रण से तैयार किया गया है।
इसमें किसी भी प्रकार का अतिरिक्त स्टार्च नहीं मिलाया गया है। नूडल्स में लगभग 11 प्रतिशत प्रोटीन, 77 प्रतिशत कार्बोहाइड्रेट और 9 प्रतिशत आहार फाइबर पाया जाता है, जबकि कोलेस्ट्रॉल पूरी तरह शून्य है। पाँच प्रकार की ताज़ी कटी हुई एवं सुखाई गई सब्जियों का मिश्रण 10 प्रतिशत मात्रा में अलग पैक के रूप में उपलब्ध कराया गया है। पोषण संवर्धन के लिए इसमें 5 प्रतिशत मशरूम पाउडर मिलाया गया है।
स्वादवर्धन हेतु स्टीम्ड डिहाइड्रेटेड अथवा रोस्टेड मसालों का प्रयोग किया गया है। उपभोक्ताओं की सुविधा के लिए कटलरी भी प्रदान की गई है तथा इसमें किसी भी प्रकार के संरक्षक, एडिटिव्स, इमल्सीफायर, स्टेबलाइज़र एवं कृत्रिम रंगों का उपयोग नहीं किया गया है।
वैज्ञानिकों ने बताया कि बाजार में उपलब्ध अधिकांश नूडल्स को सामान्यतः जंक फूड की श्रेणी में रखा जाता है, जबकि बीएयू द्वारा विकसित ये मिलेट वेजी नूडल्स बिना किसी कृत्रिम संरक्षक, फ्लेवर और रंग के तैयार किए गए हैं। ये नूडल्स तले हुए नहीं बल्कि बेक्ड विधि से बनाए गए हैं, जिससे ये अधिक सुपाच्य और स्वास्थ्यवर्धक हैं। मशरूम फोर्टिफिकेशन से इनमें प्रोटीन, फाइबर एवं सूक्ष्म पोषक तत्वों की मात्रा और अधिक हो जाती है।
कार्यक्रम को संबोधित करते हुए कुलपति ने कहा कि मिलेट आधारित उत्पाद न केवल पोषण सुरक्षा को सुदृढ़ करते हैं, बल्कि बच्चों और मधुमेह रोगियों के लिए भी सुरक्षित एवं स्वास्थ्यवर्धक भोजन विकल्प प्रदान करते हैं। उन्होंने कटलरी के साथ पर्यावरण अनुकूल पैकेजिंग सामग्री विकसित करने की आवश्यकता पर भी जोर दिया।
इस अवसर पर कुलपति महोदय ने खाद्य विज्ञान एवं फसलोपरांत प्रौद्योगिकी विभाग के अध्यक्ष डॉ. वसीम सिद्दीकी तथा संबंधित वैज्ञानिकों डॉ. अनित कुमार, इं. कुमार संदीप, श्रीमती कंचन कुमारी, डॉ. प्रेम प्रकाश, डॉ. एम. ए. आफताब एवं डॉ. शमशेर अहमद को खाद्य विकास केंद्र, बीएयू सबौर के सहयोग से न्यूट्री मिलेट टिफिन बॉक्स के सफल विकास हेतु हार्दिक बधाई दी।
