• सशक्त पंचायत, नेत्री अभियान के एक वर्ष पूरे होने पर केंद्रीय पंचायती राज मंत्री ने उत्कृष्ट महिला पंचायत नेत्री के रूप में कार्य करने के लिए किया सम्मानित
बीपी डेस्क। पंचायती राज मंत्रालय ने नई दिल्ली में 11 मार्च को’सशक्त पंचायत-नेत्री अभियान’ के एक साल पूरे होने पर चुनी हुई महिला प्रतिनिधियों का राष्ट्रीय सम्मेलन आयोजित किया। इस सम्मेलन में केंद्रीय पंचायती राज मंत्री राजीव रंजन सिंह उर्फ ललन सिंह ने 24 राज्यों और केंद्र शासित प्रदेशों से एक-एक उत्कृष्ट महिला पंचायत लीडर को ग्रामीण शासन में उनके योगदान के लिए सम्मानित किया।
यहां बिहार के सारण जिले के तरैया प्रखंड के डेवढ़ी ग्राम पंचायत की मुखिया प्रियंका सिंह को महिला हितैषी ग्राम पंचायत निर्माण की दिशा में राज्य में किए गए उत्कृष्ट कार्य, ग्राम पंचायत में महिला सुरक्षा, स्वास्थ्य व आर्थिक सशक्तिकरण सुनिश्चित करने के लिए सम्मान मिला।
डेवढ़ी ग्राम पंचायत में महिलाओं के लिए पिंक टॉयलेट
डेवढ़ी ग्राम पंचायत में महिलाओं और लड़कियों की स्वास्थ्य और सुरक्षा जरूरतों को ध्यान में रखते हुए एक सुरक्षित स्पोर्ट्स कॉम्प्लेक्स का निर्माण किया गया है। महिलाओं के लिए विशेष ‘पिंक टॉयलेट’ की सुविधा उपलब्ध है, जिसमें सैनिटरी वेंडिंग मशीन और इंसिनरेटर लगा है, जिससे मेंस्ट्रुअल पीरियड्स हाइजीन मैनेजमेंट में उल्लेखनीय सुधार हुआ है।
महिलाओं की उद्यमिता और स्वरोजगार को बढ़ावा देने के लिए पंचायत में दुकानें खोली गई हैं। साथ ही बिहार सरकार की मुख्यमंत्री महिला उद्यमी योजना के तहत महिलाओं को वित्तीय सहायता और उद्यमिता के अवसर प्रदान करने के लिए प्रेरित किया जा रहा है।
पंचायत में जीविका (सेल्फ-हेल्प ग्रुप नेटवर्क) के साथ मजबूत समन्वय स्थापित कर नियमित मॉनिटरिंग के जरिये अधिक से अधिक महिलाओं को सक्रिय व आर्थिक रूप से सशक्त किया जा रहा है। बेहतर स्वास्थ्य के लिए नियमित हेल्थ कैंप और जागरूकता अभियान भी जारी है। इसके अलावा बच्चों के लिए योगा पार्क बनाया गया है, जहां योग, व्यायाम और मनोरंजन की विभिन्न गतिविधियां संचालित होती हैं।
ग्रामीण बिहार में महिलाओं को किया जा रहा आत्मनिर्भर और सशक्त: पंचायती राज मंत्री
बिहार के पंचायती राज मंत्री दीपक प्रकाश ने इसपर कहा कि डेवढ़ी ग्राम पंचायत की मुखिया द्वारा की गई महिला-केंद्रित पहलें बिहार की पंचायतों के लिए एक प्रेरणा हैं। सरकार महिलाओं के सशक्तिकरण, उनकी सुरक्षा और आर्थिक स्वावलंबन को सर्वोच्च प्राथमिकता दे रही है। हमारी पंचायतें विकास के प्रमुख बिंदुओं पर कार्य करते हुए सामाजिक परिवर्तन का मजबूत माध्यम भी बन रही हैं। हम हर पंचायत को सशक्त बनाने के लिए प्रतिबद्ध हैं, ताकि ग्रामीण बिहार में महिलाएं आत्मनिर्भर बनें और सुरक्षित जीवन जी सकें।
कार्यक्रम में मॉडल महिला हितैषी ग्राम पंचायतों के अभ्यासों और बदलाव की प्रेरक कहानियों का संग्रह ‘भारत में जमीनी स्तर पर लोकतंत्र का नेतृत्व करने वाली महिलाओं की कहानियां’ भी जारी किया गया। पंचायतों में महिलाओं की सुरक्षा और सशक्तीकरण को मजबूत करने के लिए निर्भया फंड के तहत मंत्रालय की नई पहल ‘निर्भय रहो’ की भी शुरुआत की गई। इस दौरान केंद्रीय पंचायती राज राज्य मंत्री प्रो. एस. पी. सिंह बघेल, पंचायती राज मंत्रालय के सचिव विवेक भारद्वाज सहित अन्य वरिष्ठ पदाधिकारी उपस्थित रहे।
