नालंदा में संगठित अपराध का मास्टरमाइंड नीरज अपने तीन गुर्गों के साथ पकड़ा गया, नगरनौसा सीएसपी लूट कांड में थी पुलिस को तलाश

नालंदा बिहारशरीफ

अगला टारगेट एकंगरसराय मध्य बिहार ग्रामीण बैंक को बना रखा था
— कुख्यात नीरज पर 12 मामलों में दर्ज है प्राथमिकी

बिहारशरीफ, अविनाश पांडेय : नालंदा में संगठित अपराध का मास्टरमाइंड नीरज अपने तीन गुर्गों के साथ पुलिस की पकड़ में आ गया है। 1 अगस्त 2026 को नालंदा जिले के नगरनौसा एसबीआई सीएसपी लूटकांड में इसकी तलाश पुलिस कर रही थी। इसकी गिरफ्तारी के बाद एक और सनसनीखेज मामला नीरज को लेकर पुलिस के संज्ञान में आया नीरज अपने गैंग के साथ एकंगर सराय मध्य ग्रामीण बैंक को टारगेट बना रखा था।

एसटीएफ और डीआईयू की तकनीकी मदद से पुलिस ने चार आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया है। उनके पास से लूटा गया लैपटॉप, घटना में प्रयुक्त पल्सर-220 बाइक, चार मोबाइल, घटना के समय पहने गए कपड़े तथा लूटी गई रकम में से 3,200 रुपये बरामद किए गए हैं। एसडीपीओ रंजन कुमार ने प्रेसवार्ता के दौरान बताया कि 1 अगस्त की दोपहर करीब 12:30 बजे महमदपुर स्थित एसबीआई सीएसपी संचालक संदीप पटेल के केंद्र में चार हथियारबंद बदमाश घुस गए।

अपराधियों ने हथियार का भय दिखाकर काउंटर से नकदी, मारफो कंपनी का फिंगरप्रिंट डिवाइस, एसबीआई की चेकबुक तथा एचपी कंपनी का लैपटॉप लूट लिया और पल्सर-220 मोटरसाइकिल से फरार हो गए। घटना की सूचना मिलते ही नगरनौसा थाना पुलिस मौके पर पहुंची। अनुसंधान के दौरान एसटीएफ और डीआईयू के सहयोग से पुलिस ने चारों आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया।

गिरफ्तार आरोपियों की पहचान थरथरी निवासी नीरज कुमार (19), हिलसा निवासी अकलू कुमार (20), नूरसराय निवासी सूरज राज (18) तथा पटना जिले के फतुहा निवासी अनिकेत कुमार (20) के रूप में हुई है। पूछताछ के दौरान एक और बड़े अपराध की साजिश का भी खुलासा हुआ। पुलिस ने बताया कि आरोपी अकलू कुमार के मोबाइल की जांच में एक संदिग्ध वीडियो मिला, जिसमें एकंगरसराय थाना क्षेत्र के रामभवन स्थित ग्रामीण बैंक की रेकी की गई थी।

पूछताछ में उसने स्वीकार किया कि वह अपने साथियों के साथ वहां लूट की योजना बना रहा था और बैंक का वीडियो अपने साथी नीरज कुमार को भेजा था। इस पूरे मामले के सफल उद्भेदन में चंडी अंचल पुलिस, हिलसा थाना, नगरनौसा थाना, करायपरसुराय थाना, डीआईयू तथा एसटीएफ की संयुक्त टीम ने महत्वपूर्ण भूमिका निभाई।